बांग्लादेश में कट्टरपंथी नेता शरीफ उस्मान हादी (Sharif Osman Hadi) की मौत के बाद हिंसा भड़क गई है, जिसमें “भारतीय आक्रामकता खत्म करो” और अवामी लीग विरोधी नारे लगे। ढाका समेत कई इलाकों में आगजनी, तोड़फोड़ हुई, जबकि एक हिंदू युवक दीपू चंद्र दास (Deepu Chandra Das) की भीड़ ने पीट-पीटकर हत्या कर शव को पेड़ पर लटका आग लगा दी।
हिंसा का ट्रिगर
शरीफ उस्मान हादी, 2024 की छात्र आंदोलन के प्रमुख नेता और 2026 चुनाव उम्मीदवार, को 12 दिसंबर को ढाका में गोली मारी गई थी। सिंगापुर के अस्पताल में 18 दिसंबर को उनकी मौत हो गई, जिसके बाद प्रदर्शनकारियों ने अवामी लीग दफ्तर और मीडिया हाउस पर हमला किया। अंतरिम सरकार ने हिंसा की निंदा की है।.
हिंदू युवक की लिंचिंग
मायमेनसिंह के भालुका में दीपू चंद्र दास, एक गारमेंट वर्कर, को कथित ब्लासफेमी के आरोप में मुस्लिम भीड़ ने पीट-पीटकर मारा, पेड़ से लटकाया और जला दिया। यूनुस सरकार ने इसकी “पूर्ण निंदा” की, पुलिस ने शव बरामद कर जांच शुरू की।
भारत विरोधी नारे
प्रदर्शनकारियों ने “भारतीय आक्रामकता समाप्त करो” और अवामी लीग को “पकड़ो-मारो” के नारे लगाए, भारतीय दूतावास पर हमले की कोशिश की। भारत ने बांग्लादेशी राजदूत को तलब कर सुरक्षा चिंताएं जताईं।








